डायट गौचर चमोली में आयोजित हुआ त्रैमासिक समीक्षा बैठक व उल्लास अभिमुखीकरण कार्यक्रम*

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गौचर / चमोली

ललिता प्रसाद लखेड़ा 
*डायट गौचर चमोली में आयोजित हुआ त्रैमासिक समीक्षा बैठक व उल्लास अभिमुखीकरण कार्यक्रम*


    जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान गौचर चमोली में त्रैमासिक समीक्षा बैठक व उल्लास अभिमुखीकरण कार्यक्रम का आयोजन मुख्य शिक्षा अधिकारी चमोली व डायट चमोली प्राचार्य आकाश सारस्वत की अध्यक्षता में किया गया। उन्होंने बताया कि भारत सरकार द्वारा प्रदत्त निर्देशानुसार जनपद चमोली, उत्तराखण्ड में साक्षरता दर में वृद्धि हेतु संचालित

 

“उल्लास–नव भारत साक्षरता कार्यक्रम (ULLAS)” के अंतर्गत 15 वर्ष से अधिक आयुवर्ग के शिक्षार्थियों के लिए मूलभूत साक्षरता एवं संख्यात्मकता मूल्यांकन परीक्षा (FLNAT) दिनांक 22 मार्च 2026 को आयोजित की जानी है, जिसके सफल संचालन के दृष्टिगत आज जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान (DIET), गौचर के सभागार में एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की जा रही है,जिसमें परीक्षा आयोजन की समस्त व्यवस्थाओं, कार्ययोजना, समन्वय एवं मॉनिटरिंग तंत्र पर विस्तारपूर्वक चर्चा करते हुए निर्देशित किया गया कि जनपद स्तर से मुद्रित नामांकन एवं उत्तर पत्रकों को समयबद्ध रूप से समस्त विकासखण्डों एवं वहां से सभी परीक्षा केन्द्रों तक 20 मार्च 2026 तक अनिवार्य रूप से पहुंचाया जाए, साथ ही परीक्षा केन्द्रों का निर्धारण करते हुए उनकी सूची एवं पंजीकरण सूचना निर्धारित प्रारूप में उपलब्ध करायी जाए।  प्रत्येक ग्राम पंचायत/वार्ड में न्यूनतम एक सुविधायुक्त UDISE पंजीकृत विद्यालय को परीक्षा केन्द्र बनाया जाए जिसमें निकटस्थ विद्यालयों को प्राथमिकता दी जाए। 
          बैठक में यह भी अवगत कराया गया कि पूर्व में संचालित समर्थ गांव योजना के अंतर्गत असाक्षर व्यक्तियों का मूल्यांकन कर उन्हें लेवल-1, लेवल-2 एवं लेवल-3 में वर्गीकृत किया गया था, जिसमें लेवल-3 के लगभग 8183 साक्षर व्यक्तियों को अब उल्लास कार्यक्रम के अंतर्गत प्राथमिकता के आधार पर सम्मिलित कर उन्हें प्रमाणन प्रदान किया जाना सुनिश्चित किया जाएगा ताकि उनमें गौरव की भावना विकसित हो तथा कार्यक्रम की प्रभावशीलता बढ़े। 
       इसी क्रम में लगभग 9000 नामांकन एवं उत्तर पत्रक 4-कलर सेट में मुद्रित कर बंद लिफाफों में परीक्षा केन्द्रवार उपलब्ध कराए जा रहे हैं तथा प्रत्येक सामाजिक चेतना केन्द्र पर न्यूनतम एक उल्लास प्रवेशिका उपलब्ध कराने एवं उसका अभिलेख सुरक्षित रखने के निर्देश दिए गए, साथ ही अतिरिक्त सामग्री का आवश्यकतानुसार विकासखण्डों के मध्य पुनर्वितरण सुनिश्चित करने पर बल दिया गया। 
       डायट के उल्लास कार्यक्रम समन्वयक राजेन्द्र प्रसाद मैखुरी व नीतू सूद ने उल्लास कार्यक्रम की रूपरेखा व पंजीकरण प्रक्रिया के बारे में बताया कि प्रत्येक परीक्षार्थी को 14 अंकों की पंजीकरण संख्या (11 अंक UDISE कोड एवं 3 अंक क्रम संख्या) प्रदान की जाएगी तथा प्रत्येक शिक्षार्थी का पंजीकरण प्रपत्र भरना अनिवार्य होगा, हालांकि किसी कारणवश पोर्टल पर पंजीकरण न होने की स्थिति में भी किसी भी पात्र शिक्षार्थी को परीक्षा से वंचित न रखने के स्पष्ट निर्देश दिए गये। परीक्षा में NILP के अंतर्गत चिन्हित शिक्षार्थियों, पूर्व नवसाक्षरों एवं 15 वर्ष से अधिक आयु के उन व्यक्तियों को सम्मिलित किया जाएगा जिनके पास प्रमाणिकरण उपलब्ध नहीं है। 
परीक्षा का आयोजन 22 मार्च 2026 को प्रातः 10:00 बजे से सायं 05:00 बजे तक किया जाएगा, जिसमें वास्तविक परीक्षा अवधि 3 घंटे की होगी तथा परीक्षार्थी अपनी सुविधा अनुसार निर्धारित समयावधि में परीक्षा केन्द्र पर उपस्थित हो सकेंगे। परीक्षा संचालन हेतु शासकीय एवं सहायता प्राप्त विद्यालयों के प्रधानाध्यापक/प्रधानाचार्य को केन्द्र प्रभारी एवं माध्यमिक विद्यालयों के प्रधानाध्यापक/प्रधानाचार्य को नोडल अधिकारी नामित किया गया है। 
           समग्र शिक्षा चमोली के जिला समन्वयक उल्लास सतीश चमोली एवं चंडी नौटियाल ने बताया कि मूल्यांकन प्रक्रिया के अंतर्गत उत्तर पुस्तिकाओं का परीक्षण परीक्षा के उसी दिन केन्द्र स्तर पर अनिवार्य रूप से कराया जाएगा जिसमें कुल 150 अंकों (पढ़ना, लिखना एवं गणित प्रत्येक 50 अंक) के आधार पर मूल्यांकन किया जाएगा तथा प्रत्येक विषय में न्यूनतम 33 प्रतिशत अंक प्राप्त करना अनिवार्य होगा, वहीं 60 प्रतिशत या अधिक अंक प्राप्त करने वाले शिक्षार्थियों को ग्रेड ‘A’, 40 प्रतिशत से अधिक को ‘B’ एवं उससे कम को ‘C’ ग्रेड प्रदान किया जाएगा तथा अधिकतम 5 अंक कृपांक के रूप में दिए जा सकेंगे, जिन्हें प्राप्तांक में नहीं जोड़ा जाएगा बल्कि “Passed with Grace” अंकित किया जाएगा; प्रत्येक परीक्षा केन्द्र पर रजिस्ट्रेशन-कम-अवार्ड शीट की दो प्रतियां उपलब्ध करायी जाएंगी जिन्हें परीक्षा के दिन ही पूर्ण रूप से भरना अनिवार्य होगा तथा परीक्षा उपरांत उत्तर पुस्तिकाओं को सीलबंद कर खण्ड शिक्षा अधिकारी कार्यालय में जमा किया जाएगा, तत्पश्चात विकासखण्ड स्तर पर डेटा का संकलन कर जनपद एवं राज्य स्तर पर एक्सेल एवं हार्डकॉपी के माध्यम से प्रेषित किया जाएगा। मंच संचालन करते हुए नियोजन एवं प्रबंधन विभाग के समन्वयक श्री वीरेन्द्र सिंह कठैत ने वित्तीय वर्ष 2026-27 की वार्षिक कार्ययोजना को प्रस्तुत किया। 
              

खण्ड शिक्षा अधिकारी पोखरी  विनोद मटूडा, नारायणबगढ़  अनीनाथ, उप शिक्षा अधिकारी बेसिक पोखरी  नेहा भट्ट, देवाल  योगेन्द्र सेमवाल, डायट के संकाय सदस्य रवींद्र बर्त्वाल, गजपाल राम राज, सुबोध डिमरी, बचन जितेला, योगेन्द्र सिंह बर्त्वाल, सुमन भट्ट, मृणाल जोशी, अजीम प्रेम जी फाउंडेशन से कल्पना, रूम टू रीड से अनीता चंदोला, प्रशांत बर्त्वाल, निशांत वशिष्ठ, चमोली जनपद के समस्त सीआरपी व बीआरपी उपस्थित रहे।